खबर सक्ती ...
जनदर्शन में उमड़ी भीड़, समाधान के इंतजार में जनता — सुशासन तिहार की हकीकत सवालों के घेरे में ..

सक्ती, शासन की तमाम घोषणाओं और योजनाओं के बावजूद जनता आज भी समस्याओं के समाधान के लिए भटक रही है। ‘सुशासन तिहार’ के नाम पर चल रहे समाधान शिविर और जनदर्शन कार्यक्रम कितने प्रभावी हैं, इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि आज कलेक्टर जनदर्शन में 26 नए आवेदन प्राप्त हुए — जिनमें से अधिकांश पूर्व में दिए गए आवेदनों के निराकरण नहीं होने के कारण दोबारा प्रस्तुत किए गए थे।
मुख्यमंत्री विष्णु साय के निर्देश पर आयोजित सुशासन तिहार को प्रदेश में एक सकारात्मक पहल बताया जा रहा है, मगर ज़मीनी हकीकत इससे इतर है। जिन समस्याओं को त्वरित निराकरण की श्रेणी में रखा जाना था, वे अब भी कलेक्ट्रेट के गलियारों में अटकी हुई हैं। जनदर्शन में आज आए आवेदकों की शिकायतें इस बात की पुष्टि करती हैं कि समाधान शिविर और जनदर्शन केवल औपचारिकता बनकर रह गए हैं।
भोथिया के किसान अब भी पंजीयन की मांग कर रहे हैं, युवाओं को रोजगार नहीं मिला, सड़कों की हालत जस की तस बनी हुई है और भूमि संबंधी विवाद वर्षों से अटके हुए हैं। ऐसे में सवाल उठता है कि समाधान शिविरों में दिए गए निर्देशों का कितना पालन हो रहा है? क्या ये कार्यक्रम महज आंकड़ों की बाजीगरी बनकर तो नहीं रह गए?
जनता से संवाद के इन प्रयासों में नेताओं की मौजूदगी भले ही दिखावे के लिए प्रभावशाली हो, परंतु जब तक शिकायतों का स्थायी और पारदर्शी समाधान नहीं होता, तब तक “सुशासन” का सपना अधूरा ही रहेगा।
विभिन्न विभागों द्वारा लगाए गए स्टॉल, मंच से दिए गए भाषण, और फोटोग्राफी के लिए दिए गए चाबियाँ और कार्ड — इन सबके बीच जनता की मूलभूत समस्याएं अब भी ज्यों की त्यों बनी हुई हैं।
यह चिंतन का विषय है कि समाधान शिविर और जनदर्शन वास्तव में जनता के लिए हैं या केवल प्रशासनिक औपचारिकताएं पूरी करने का एक माध्यम?
खबर सक्ती ...2 वर्ष agoबड़ी खबर: कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी ने किया अनिल चन्द्रा को जिलाबदर ..
खबर सक्ती ...3 वर्ष agoव्यापारी से 2250000 रूपये की लूट करने वाले 04 आरोपी गिरफ्तार 05 आरोपी फरार ..
ख़बर रायपुर2 वर्ष agoएनसीपी के प्रमुख पूर्व मंत्री नोबेल वर्मा कल 23 अक्टूबर को विधानसभा अध्यक्ष डॉ चरणदास महंत और मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की मौजूदगी में कांग्रेस में होंगे शामिल ..
खबर जगदलपुर ..3 वर्ष agoस्कूल शिक्षा विभाग में 3266 से अधिक रिक्त प्राचार्य पद पर पदोन्नति की माँग को लेकर “छत्तीसगढ़ राज्य प्राचार्य पदोन्नति संघर्ष मोर्चा” के द्वारा जगदलपुर में बस्तर संभागीय बैठक सफलतापूर्वक संपन्न हुई ..
खबर सक्ती ...2 वर्ष agoगुलमोहर के फूलों की दीवानगी ऐसी कि आजादी के अमृतोत्सव पर लगाए “75 गुलमोहर पौधे …
खबर सक्ती ...3 वर्ष agoसक्ती जिले के डभरा सीएचसी में उपलब्ध हुई दो विशेषज्ञ चिकित्सको की सेवा ..
खबर सक्ती ...2 वर्ष agoज्ञानकुंज पब्लिक हायर सेकेंडरी स्कूल सकरेली (बा) में रंगोली, राखी मेकिंग एवं मेहंदी प्रतियोगिता का आयोजन संपन्न ..
Uncategorized3 वर्ष agoप्रदेश में पटवारियों की हड़ताल समाप्त ..






















You must be logged in to post a comment Login